Abhishek Banerjee Eye Treatment – अभिषेक बनर्जी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, विदेश में करा सकेंगे आंखों का इलाज

Abhishek Banerjee Eye Treatment -अभिषेक बनर्जी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, विदेश में करा सकेंगे आंखों का इलाज

Abhishek Banerjee Eye Treatment – सुप्रीम कोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के सांसद और राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी को आंखों के इलाज के लिए विदेश जाने की अनुमति दे दी है। Abhishek Banerjee Eye Treatment- अदालत ने उन्हें तीन सप्ताह तक विदेश यात्रा करने की मंजूरी दी है। हालांकि, इसके साथ सुप्रीम कोर्ट ने कुछ शर्तें भी तय की हैं। बनर्जी को अपनी यात्रा से जुड़ी पूरी जानकारी अदालत के सामने प्रस्तुत करनी होगी।

Abhishek Banerjee Eye Treatment – तीन सप्ताह तक विदेश जाने की मिली अनुमति

सोमवार को मामले की सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने अभिषेक बनर्जी को चिकित्सा उपचार के लिए सितंबर महीने में विदेश जाने की अनुमति दी। अदालत ने इस दौरान यह भी स्पष्ट किया कि हर व्यक्ति को विदेश यात्रा करने और अपनी पसंद के स्थान पर चिकित्सा उपचार कराने का अधिकार है।

Abhishek Banerjee Eye Treatment -अभिषेक बनर्जी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, विदेश में करा सकेंगे आंखों का इलाज
Abhishek Banerjee Eye Treatment

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि किसी व्यक्ति को अपने इलाज के लिए डॉक्टर, अस्पताल या देश चुनने का अधिकार है। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि इलाज कहां कराया जाए, यह तय करना अदालत का काम नहीं है।

Abhishek Banerjee Eye Treatment –सुप्रीम कोर्ट ने बनर्जी पर लगाई ये शर्तें

विदेश जाने की अनुमति देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने अभिषेक बनर्जी को यात्रा से संबंधित पूरी जानकारी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। उन्हें अपनी यात्रा का पूरा कार्यक्रम अदालत के समक्ष प्रस्तुत करना होगा।

इसके अलावा, उन्हें उड़ानों का विवरण, विदेश में ठहरने की जगह और जिन डॉक्टरों तथा अस्पतालों में इलाज कराया जाना है, उनकी पूरी जानकारी भी देनी होगी।

इस तरह अदालत ने चिकित्सा उपचार के लिए विदेश जाने की अनुमति तो दी है, लेकिन यात्रा को लेकर जरूरी जानकारी साझा करना उनके लिए अनिवार्य किया है।

Eye Treatment –2016 की सड़क दुर्घटना में लगी थी आंख में चोट

बता दें कि अभिषेक बनर्जी की आंख में वर्ष 2016 में एक सड़क दुर्घटना के दौरान चोट लगी थी। इसी चोट से संबंधित इलाज के लिए उन्होंने विदेश जाने की अनुमति मांगी थी।

वहीं, अभिषेक बनर्जी के खिलाफ 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान कथित तौर पर धमकाने वाले बयान देने से जुड़ा एक पुलिस मामला भी दर्ज है। इसी वजह से उनकी विदेश यात्रा को लेकर मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा।

BJP Reaction –बीजेपी नेताओं ने जताई देश से भागने की आशंका

सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद बीजेपी नेताओं ने अभिषेक बनर्जी को विदेश जाने की अनुमति दिए जाने पर सवाल उठाए हैं। बीजेपी नेताओं ने आशंका जताई कि विदेश जाने के बाद बनर्जी देश छोड़कर भाग सकते हैं।

पश्चिम बंगाल की मंत्री और वरिष्ठ बीजेपी नेता अग्निमित्रा पॉल ने आरोप लगाया कि अभिषेक बनर्जी अपनी चिकित्सा स्थिति का इस्तेमाल देश से बाहर जाने के बहाने के तौर पर कर रहे हैं।

अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि अगर उन्हें इलाज की जरूरत है तो राज्य के सरकारी अस्पताल में उनके लिए बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकती हैं। उन्होंने कहा कि इन अस्पतालों में लाखों लोगों का इलाज होता है और यह भी आशंका जताई कि विदेश यात्रा देश से भागने की योजना हो सकती है।

डिप्लोमैटिक पासपोर्ट को लेकर भी उठे सवाल

पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता ऋतब्रत बनर्जी ने भी अभिषेक बनर्जी की विदेश यात्रा को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि टीएमसी नेता भारतीय कानून से बचने के लिए अपने डिप्लोमैटिक पासपोर्ट का दुरुपयोग कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें – शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के आश्वासन के बाद शिक्षकों ने खत्म किया धरना, ट्रांसफर नीति पर जल्द होगा फैसला

उन्होंने आरोप लगाया कि अभिषेक बनर्जी विदेश जाने के लिए इसलिए बेताब हैं क्योंकि वह देश से भागना चाहते हैं। उनका कहना था कि यदि राजनयिक पासपोर्ट रखने वाला कोई व्यक्ति ऐसे देश में पहुंच जाता है, जिसके साथ भारत की प्रत्यर्पण संधि नहीं है, तो उसे वापस भारत लाना मुश्किल हो सकता है।

यह भी पढ़ें – Birth Death Registration Bill 2026 -राज्यसभा में पास हुआ बिल, जन्म-मृत्यु रजिस्ट्रेशन के बदले नियम

फिलहाल, सुप्रीम कोर्ट ने अभिषेक बनर्जी को आंखों के इलाज के लिए तीन सप्ताह की विदेश यात्रा की अनुमति दी है। साथ ही अदालत ने यात्रा और इलाज से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण जानकारियां उपलब्ध कराने की शर्त भी रखी है।

Ashwani Tiwari

अश्वनी कुमार एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता क्षेत्र में पाँच वर्षों का व्यावसायिक अनुभव प्राप्त है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक स्थानीय समाचार पत्र से की थी, जहाँ उन्होंने सामाजिक मुद्दों, राजनीति और ग्रामीण विकास पर रिपोर्टिंग की। उनकी लेखनी में स्पष्टता, निष्पक्षता और गहराई होती है, जिससे पाठक आसानी से जुड़ पाते हैं।

Learn More →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *